छत्तीसगढ़ जनवार्ता
बाल्को के इंद्रा मार्केट निवासी अमीना बेगम 52 वर्ष को लगभग एक वर्ष से पेट में दर्द हो रहा था। समय बीतने के साथ उनकी परेशानी बढ़ती गई और 03-04 महीनों से उन्हे पेट में असहनीय दर्द होने लगा और उन्हे घरेलू काम करने में परेशानी होने लगी। अमीना बेगम की आर्थिक स्थिती ठीक नहीं होने के कारण उनका समय पर उपचार नहीं हो पा रहा था।
अमीना बेगम को अत्यधिक पेट में दर्द होने पर परिजन उन्हें लेकर बाल्को हॉस्पीटल कोरबा गए जहॉं आवश्यक जॉंच कराया गया। सोनाग्राफी के दौरान पित्त की थैली में पथरी होने का पता चली तथा उन्हे पित्त की पथरी के उपचार के लिए लेप्रोस्कोपिक सर्जरी कराने की सलाह दिया गया किन्तु उन्होंनें आर्थिक स्थिती ठीक नहीं होने के कारण आपरेशन का खर्च उठाने अस्मर्थता जाहिर किया गया। तब चिकित्सकों ने परिवार को बताया कि इनका उपचर आयुष्मान कार्ड के माध्यम से निःशुल्क कराया जा सकता है। इस जानकारी से परिवार के सदस्यों को बहुत राहत मिला।
अमीना बेगम को 07 सितंबर 2026 को अस्पताल में भर्ती किया गया तथा 09 सितंबर 2026 को उनके पित्त की थैली में पथरी का सफलतापूर्वक लेप्रोस्कोपिक सर्जरी किया गया। उपचार के बाद उनके स्वास्थ्य में सुधार के बाद 12 सितंबंर को अस्पताल से छुट्टी दे दिया गया। यह सर्जरी आयुष्मान कार्ड से निःशुल्क किया गया।
पित्त की थैली में पथरी का सफलतापूर्वक ऑपरेशन के बाद अमीना बेगम अब स्वस्थ्य है और उन्हे पहले जैसे पेट में दर्द की परेशानी नहीं हो रही है
अमीना बेगम क पति ने बताया कि आर्थिक तंगी के कारण गंभीर बिमारी का इलाज न करा पाने वाले परिवारों के लिए आयुष्मान भारत योजना उम्मीद की किरण बन रही है। उन्होंने बताया कि आयुष्मान कार्ड की जानकारी मिलने के बाद उनकी पत्नी का पूरा उपचार बिना किसी आर्थिक बोझ के संभव हो सका ।
उन्होने जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग का आभार जताते हुए कहा कि आर्थिक कठिनाईयों के कारण उपचार से वंचित हो रहे परिवारों के लिए आयुष्मान भारत योजना महत्वपूर्ण सहारा बन रही है।









